Sonbhadra News : गाजीपुर की बेटी निशा विश्वकर्मा की हत्या को लेकर सोनभद्र में सपा का प्रदर्शन, न्याय दिलाने की मांग तेज.
सपा नेताओं ने गाजीपुर में पार्टी के प्रतिनिधिमंडल पर हुए ईंट-पत्थर के हमले को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उनका कहना था कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में इस तरह की घटनाएं न केवल निंदनीय हैं, बल्कि यह भी दर्शाती हैं कि विरोध की आवाज को दबाने की कोशिश की जा रही है।
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2:22 PM, Apr 24, 2026
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Edited by: Ashish Gupta
, Reported By: Sanjay Singh / Vedvyas Singh Maurya

सड़क पर उतरे प्रदर्शनकारी, न्याय की मांग को लेकर गूंजे नारे : Photo Sonprabhat News
Sonbhadra News : गाजीपुर की बेटी निशा विश्वकर्मा की हत्या के मामले को लेकर अब प्रदेशभर में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। इसी कड़ी में शुक्रवार को सोनभद्र में समाजवादी पार्टी (सपा) कार्यकर्ताओं ने RTS चौराहे पर जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।
कानून व्यवस्था पर उठे सवाल
प्रदर्शन के दौरान सपा नेताओं ने प्रदेश की कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए। उनका आरोप था कि राज्य में हत्या, लूट और महिलाओं के खिलाफ अपराधों की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, जिससे आम जनता में असुरक्षा का माहौल बन रहा है। उन्होंने कहा कि अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
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प्रतिनिधिमंडल पर हमले को बताया दुर्भाग्यपूर्ण
सपा नेताओं ने गाजीपुर में पार्टी के प्रतिनिधिमंडल पर हुए ईंट-पत्थर के हमले को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उनका कहना था कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में इस तरह की घटनाएं न केवल निंदनीय हैं, बल्कि यह भी दर्शाती हैं कि विरोध की आवाज को दबाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस घटना के बाद उल्टा सपा कार्यकर्ताओं पर ही मुकदमा दर्ज करना सरकार की मंशा पर सवाल खड़ा करता है।

सड़क पर उतरे प्रदर्शनकारी, न्याय की मांग को लेकर गूंजे नारे : Photo Sonprabhat News
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सपा नेताओं के तीखे बयान
सपा जिला सचिव प्रमोद यादव ने कहा कि प्रदेश में गुंडे-माफियाओं का प्रभाव बढ़ता जा रहा है और गाजीपुर की घटना ने यह स्पष्ट कर दिया है कि कहीं न कहीं अपराधियों को संरक्षण मिल रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि जब पार्टी नेतृत्व ने प्रतिनिधिमंडल भेजा, तो वहां स्थानीय स्तर पर ही तय किया जाने लगा कि कौन आएगा और कौन नहीं—यह स्थिति लोकतंत्र के लिए चिंता का विषय है।
नगर अध्यक्ष सरदार पार ब्रह्म सिंह ने केंद्र और राज्य सरकार के नारे “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” पर सवाल उठाते हुए कहा कि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। वहीं अनिल विश्वकर्मा ने आरोप लगाया कि सरकार समाज के कुछ वर्गों के प्रति संवेदनशील नहीं है और महिलाओं के खिलाफ घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।
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प्रदर्शन में कई कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस प्रदर्शन में सपा के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिन्होंने एकजुट होकर आवाज उठाई। प्रमुख रूप से नगर उपाध्यक्ष सुरेश अग्रहरी, शौर्य त्रिपाठी, मनीष केडिया, राजू पासवान, हीरा मौर्या और विजय चंद्रवंशी सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल हुए।






