व्यक्ति से ब्रह्म तक की यात्रा भारत की संस्कृति है- पंoदीनदयाल उपाध्याय विचार मंच
अंत्योदय के प्रणेता , राष्ट्रवाद की चिंतक की पुण्यतिथि पर किया नमन
duddhi
7:31 PM, Feb 12, 2026
Share:
Edited by: Ashish Gupta

अंत्योदय के प्रणेता , राष्ट्रवाद की चिंतक की पुण्यतिथि पर किया नमन
(जितेन्द्र कुमार चन्द्रवंशी ब्यूरों चीफ)सोनभद्र
: दुद्धी सोनभद्र राष्ट्रवाद के चिंतक अंत्योदय के प्रणेता पंडित दीनदयाल उपाध्याय की पुण्यतिथि पर बुधवार रात्रि कों होटल ग्रीन स्टार दुद्धी में भारतीय सनातन सभ्यता संस्कृति व पंडित दीनदयाल के विचार पर संगोष्ठी सेमिनार का आयोजन किया गया। जिसकी अध्यक्षता कर रहे डॉक्टर लवकुश प्रजापति ने कहा कि भारत की आत्मा परंपराओं संस्कृति धर्म एवं वेदों की ऋचाओं में बसता है। पंडित दीनदयाल उपाध्याय का विचार अंतिम व्यक्ति के उत्थान का चिंतन मानवीय दृष्टिकोण व उनके दर्शन के कारण महान बनाता है। सिविल बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष नंदलाल अग्रहरि ने कहा कि हमारे देश की परंपरा संस्कृति विश्व का मार्गदर्शक व पोषक हैं। पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी राष्ट्रीय चिंतक भारत में जम्मू कश्मीर को पूर्ण स्वतंत्रता दिलाने समाज की सामान्य जीवन यापन करने वाला अन्तिम व्यक्ति के उत्थान के बिना भारत के परिकल्पना की बात अधूरी जिसे सरकार पूरा कर रही है।
विज्ञापन

यह भी पढ़ें
नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश मोहन ने नगर के विकास पर प्रकाश डाला। क्रय विक्रय समिति के पूर्व अध्यक्ष रामेश्वर राय ने कहा कि परम सौभाग्य का विषय है कि हम सभी पंडित दीनदयाल उपाध्याय विचार मंच को संचालित दुद्धी में कर रहे हैं दीनदयाल उपाध्याय जी की संदिग्ध मौत से महान दर्शन विचार का अंत हुआ। मानव के समग्र उत्थान की पूर्ण संभावना हमारे भारत के धर्म शास्त्रों में है। डीसीएफ के पूर्व सचिव विंध्यवासिनी प्रसाद ने अपने उद्बोधन में कहा कि दीनदयाल उपाध्याय व नेताजी सुभाष चंद्र बोस सरीखा पीसीएस राष्ट्रवाद के दीवाने भारत के उत्थान की सदैव चिन्ता करने वाले थे। दुद्धी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रेमचंद्र जायसवाल ने उपाध्याय के जीवन से प्रेरणा लेकर अत्यंत पिछड़े शोषित दलित वर्ग के विकास पर ध्यान देने की वकालत की। कवि डॉक्टर लखन राम जंगली ने पंडित दीनदयाल अंत्योदय व लोहिया के समाजवाद विचार पर प्रकाश डाला और स्वरचित बिंदु से सिंधु व मानव जीवन से ब्रह्म प्राप्ति के जीवन का सार्थक भारतीय सभ्यता संस्कृति अनुरूप जीवन के पण्डित दीनदयाल उपाध्याय जी के प्रसांगिक विचार दर्शन कों उपयोगी बताया।
विज्ञापन

डॉक्टर संजय गुप्ता व डॉo कृष्ण कुमार चौरसिया ने 3 के महत्व से ब्रह्मा, विष्णु व महेश से जीवन पर पड़ने वाले सनातन सभ्यता संस्कृति पर प्रकाश डाला। संगोष्ठी कार्यक्रम का संचालक महामंत्री जितेन्द्र कुमार चन्द्रवंशी ने किया। इस मौके पर जगदीश्वर प्रसाद जायसवाल एडवोकेट,शिव शंकर गुप्ता एडवोकेट डॉ विनय कुमार श्रीवास्तव, उमेश कुमार गुप्ता एडवोकेट, अजय धनेंद्र जायसवाल एडवोकेट, भोलानाथ अग्रहरि एडवोकेट आदि विचार मंच परिवार के प्रबुद्धजन उपस्थित रहें।






