सड़कों के गड्ढे और आवारा पशुओं पर डीएम की सख्ती, अभियान चलाने के निर्देश
सोनभद्र। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। बैठक में सड़क सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, दुर्घटनाओं की रोकथाम और बारिश के कारण क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत समेत विभिन्न मुद्दों की समीक्षा की गई।
7:57 PM, Aug 25, 2026
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Edited By: Shaktipal , Reported By: Son prabhat live

गड्ढों से हादसा हुआ तो संबंधित अधिकारी की तय होगी जिम्मेदारी, आवारा पशुओं को पकड़कर गौशालाओं में भेजने के निर्देशसोनभद्र। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। बैठक में सड़क सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, दुर्घटनाओं की रोकथाम और बारिश के कारण क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत समेत विभिन्न मुद्दों की समीक्षा की गई।जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन कराया जाए। बरसात के दौरान सड़कों पर बने गड्ढों को भरने के लिए विशेष अभियान चलाकर एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई पूरी की जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सड़क सुरक्षा सीधे आमजन की जिंदगी से जुड़ा विषय है, इसलिए इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता, एनएचएआई एवं टोल प्लाजा से जुड़े अधिकारियों, नगर पालिका और नगर पंचायतों के अधिशासी अधिकारियों तथा अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत को अपने-अपने क्षेत्रों में सड़कों का स्थलीय निरीक्षण करने के निर्देश दिए। अधिक गड्ढों वाले और दुर्घटना की दृष्टि से संवेदनशील मार्गों को प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित कर तत्काल मरम्मत कराने को कहा।गड्ढों से हादसा हुआ तो तय होगी जिम्मेदारीबैठक में जिलाधिकारी ने विभिन्न क्षेत्रों की क्षतिग्रस्त एवं गड्ढायुक्त सड़कों की बिंदुवार समीक्षा की। उन्होंने प्रत्येक मार्ग की स्थिति, मरम्मत की प्रगति और लंबित कार्यों की जानकारी ली। अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा में सभी कार्य पूरे करने के निर्देश देते हुए कहा कि सड़क के गड्ढों के कारण यदि कोई दुर्घटना होती है तो संबंधित अधिकारी या विभाग की जिम्मेदारी निर्धारित कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।आवारा पशुओं को पकड़कर गौशालाओं में भेजने के निर्देशसड़क सुरक्षा के लिहाज से सड़कों पर घूमने वाले निराश्रित एवं आवारा पशुओं को लेकर भी जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए। उन्होंने अधिशासी अधिकारियों, जिला पंचायत राज अधिकारी और मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को अभियान चलाकर ऐसे पशुओं को पकड़ने और नियमानुसार गौशालाओं में संरक्षित करने को कहा।जिलाधिकारी ने कहा कि सड़कों पर आवारा पशुओं की मौजूदगी दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है। इसलिए इस अभियान में किसी प्रकार की शिथिलता नहीं होनी चाहिए।अतिक्रमण और दुर्घटना संभावित स्थलों पर भी कार्रवाईजिलाधिकारी ने यातायात नियमों के पालन, सड़क किनारे अतिक्रमण हटाने, दुर्घटना संभावित स्थलों को चिन्हित करने तथा अन्य सड़क सुरक्षा उपायों पर प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा समिति की बैठकों में लिए गए निर्णय केवल कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि उनका असर धरातल पर साफ दिखाई देना चाहिए।बैठक में अपर जिलाधिकारी वि0/रा0 वागीश कुमार शुक्ला, उप जिलाधिकारी घोरावल विशाल कुमार, उप जिलाधिकारी रॉबर्ट्सगंज आशीष त्रिपाठी, संबंधित पुलिस क्षेत्राधिकारी, विभिन्न विभागों के अधिशासी अभियंता, एआरटीओ सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
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