दुद्धी बार एसोसिएशन की पहल रंग लाई, कोर्ट परिसर के आधुनिकीकरण को लेकर पहुंची हिंडाल्को व सीएसआर टीम
दुद्धी बार एसोसिएशन की पहल रंग लाई, कोर्ट परिसर के आधुनिकीकरण को लेकर पहुंची हिंडाल्को व सीएसआर टीम
8:20 PM, Jun 22, 2026
Share:
Edited By: Shaktipal , Reported By: Jitendra Kumar chandrwanshi

आरसीसी छत निर्माण की कवायद तेज, अधिवक्ताओं एवं वादकारियों को मिलेगी बड़ी राहत
सोनभद्र। दुद्धी बार एसोसिएशन की पहल पर सोमवार को हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड एवं सीएसआर टीम ने मुंसिफ कोर्ट परिसर का निरीक्षण कर अधिवक्ताओं एवं वादकारियों के लिए प्रस्तावित सुविधाओं का जायजा लिया। कोर्ट परिसर में बैठने की समुचित व्यवस्था एवं बुनियादी सुविधाओं के विस्तार को लेकर हुई इस पहल को अधिवक्ताओं ने ऐतिहासिक कदम बताया है।दुद्धी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कुलभूषण पांडेय एडवोकेट के नेतृत्व में पूर्व अध्यक्ष प्रेमचंद यादव एडवोकेट, रामपाल जौहरी एडवोकेट, जितेन्द्र कुमार श्रीवास्तव एडवोकेट, दिलीप पांडेय, सुभेष मौर्य, मनोज कुमार अग्रहरी, अभिनाथ यादव सहित अन्य अधिवक्ताओं ने हिंडाल्को के अधिकारियों को वर्तमान व्यवस्था से होने वाली समस्याओं से अवगत कराया। अधिवक्ताओं ने बताया कि टीन शेड के नीचे बैठने वाले अधिवक्ताओं और वादकारियों को गर्मी, बारिश तथा अन्य मौसमीय परिस्थितियों में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।निरीक्षण के दौरान हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड के मैनेजर (मेंटेनेंस) सुरेश त्रिपाठी तथा सीएसआर प्रतिनिधि सचिन सिंह ने अधिवक्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से सुना और कोर्ट परिसर का विस्तृत निरीक्षण किया।
इस दौरान टीन शेड को हटाकर उसकी जगह आधुनिक एवं सुसज्जित आरसीसी लेंटर युक्त पक्की छत के निर्माण के प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा हुई।हिंडाल्को एवं सीएसआर टीम ने बताया कि प्रस्ताव को स्वीकृति हेतु उच्च अधिकारियों के पास भेजा जाएगा, जिसके बाद आवश्यक धनराशि आवंटित होने पर निर्माण कार्य शुरू कराया जा सकेगा। प्रस्तावित निर्माण से न केवल अधिवक्ताओं बल्कि न्यायालय में आने वाले सैकड़ों वादकारियों को भी मौसम की मार से राहत मिलेगी।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें
बार एसोसिएशन की इस पहल से अधिवक्ताओं में उत्साह का माहौल है। सभी ने उम्मीद जताई कि शीघ्र ही प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाएगी और कोर्ट परिसर में आधुनिक सुविधाओं का विस्तार होगा, जिससे न्यायिक कार्यों के संचालन में भी सहूलियत बढ़ेगी।






