बारिश का कहर: घाघर नदी उफनी, तीसरी बार बहा संपर्क मार्ग; कई बस्तियां जलमग्न
सोनभद्र। चोपन थाना क्षेत्र के गुरमा-मारकुंडी इलाके में लगातार तीसरे दिन हुई मूसलाधार बारिश से हालात बिगड़ गए हैं। घाघर बैराज का बांध खोले जाने के बाद घाघर नदी का जलस्तर और बहाव तेजी से बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। कई बस्तियों में पानी घुसने से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं
7:56 PM, Sep 1, 2026
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Edited By: Shaktipal , Reported By: Son prabhat live

सोनभद्र। चोपन थाना क्षेत्र के गुरमा-मारकुंडी इलाके में लगातार तीसरे दिन हुई मूसलाधार बारिश से हालात बिगड़ गए हैं। घाघर बैराज का बांध खोले जाने के बाद घाघर नदी का जलस्तर और बहाव तेजी से बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। कई बस्तियों में पानी घुसने से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।तेज बहाव के चलते मारकुंडी जिला जेल को जोड़ने वाला मुख्य वैकल्पिक संपर्क मार्ग तीसरी बार टूटकर बह गया। मार्ग के क्षतिग्रस्त होने से ग्रामीणों, स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और मरीजों के आवागमन पर सबसे ज्यादा असर पड़ा है। स्थानीय लोगों के सामने जरूरी कामों के लिए बाहर निकलने की समस्या खड़ी हो गई है।सलखन गांधी स्मारक निधि से दीपचंद भारती के घर तक का बस्ती क्षेत्र पूरी तरह जलमग्न हो गया है। घरों में पानी घुसने से लोगों को सुरक्षित स्थान की तलाश करनी पड़ रही है। लगातार बारिश और बढ़ते जलस्तर के कारण ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।अवई-ओबरी बस्ती में भी जलभरावमारकुंडी मुख्य राजमार्ग स्थित अवई-ओबरी बस्ती में भी पानी भर गया है। वहीं वाराणसी-शक्तिनगर मुख्य मार्ग पर कई स्थानों पर तेज पानी का बहाव शुरू होने से वाहनों की रफ्तार थम गई है। सड़क पर पानी के तेज बहाव के कारण दुर्घटना की आशंका भी बनी हुई है।ग्रामीणों का कहना है कि संपर्क मार्ग के बार-बार बहने से आवागमन की समस्या गंभीर होती जा रही है। उन्होंने प्रशासन से प्रभावित बस्तियों में तत्काल राहत एवं बचाव व्यवस्था कराने, जलभराव वाले क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित निकालने तथा आवागमन के लिए स्थायी वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था कराने की मांग की है।
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