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रामविलास मृत्यु प्रकरण: अस्पताल प्रबंधन ने जारी किया स्पष्टीकरण, हाईकोर्ट से मिली अंतरिम राहत का किया उल्लेख

रामविलास मृत्यु प्रकरण: अस्पताल प्रबंधन ने जारी किया स्पष्टीकरण, हाईकोर्ट से मिली अंतरिम राहत का किया उल्लेख

10:40 PM, Jun 21, 2026

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Edited By: Shaktipal , Reported By: Son prabhat live

रामविलास मृत्यु प्रकरण: अस्पताल प्रबंधन ने जारी किया स्पष्टीकरण, हाईकोर्ट से मिली अंतरिम राहत का किया उल्लेख
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सोन प्रभात लाइव न्यूज़ डेस्क


सोनभद्र। रामविलास की मृत्यु से जुड़े मामले में एक निजी अस्पताल प्रबंधन ने सार्वजनिक सूचना जारी कर अपने ऊपर लगाए गए आरोपों को निराधार बताया है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि कुछ स्थानीय समाचार पत्रों एवं अन्य माध्यमों में मामले को लेकर भ्रामक और तथ्यहीन खबरें प्रकाशित की गई हैं, जिससे अस्पताल और चिकित्सकों की छवि धूमिल करने का प्रयास किया जा रहा है।अस्पताल द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, रामविलास को पेट में गंभीर दर्द और सांस लेने में परेशानी की शिकायत पर भर्ती कराया गया था।

चिकित्सकीय जांच में उनकी किडनी की कार्यक्षमता प्रभावित होने तथा फेफड़ों में पानी भरे होने की पुष्टि हुई थी। अस्पताल का दावा है कि सभी आवश्यक जांच पूरी होने के बाद मरीज को बेहतर उपचार के लिए रेफर कर दिया गया था, लेकिन परिजनों ने तत्काल ले जाने में असमर्थता जताते हुए अगले दिन स्थानांतरण की बात कही।प्रबंधन के अनुसार, अगले दिन परिजनों ने मरीज को दोपहर में ले जाने की बात कहकर शाम लगभग 3:30 बजे अस्पताल से छुट्टी करा ली।

इसके बाद परिजन अपने स्तर पर बुलाए गए एम्बुलेंस से मरीज को एक परिचित व्यक्ति के साथ वाराणसी के किसी निजी अस्पताल ले गए। अस्पताल का कहना है कि उसी रात लगभग 10:30 बजे मरीज को मृत अवस्था में पुनः अस्पताल लाया गया।प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि घटना के बाद अस्पताल के निदेशक एवं वरिष्ठ महिला रोग विशेषज्ञ के खिलाफ एक प्राथमिकी दर्ज कराई गई, जिसे अस्पताल प्रबंधन ने निराधार बताया है। अस्पताल का आरोप है कि कुछ लोग व्यक्तिगत स्वार्थ के चलते चिकित्सकों को झूठे मामले में फंसाने का प्रयास कर रहे हैं।

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अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि दर्ज एफआईआर को इलाहाबाद हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ताओं को अंतरिम संरक्षण प्रदान करते हुए राज्य सरकार से जवाब मांगा है

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नोटिस प्राप्त निजी प्रतिवादियों में निर्मला देवी पत्नी अरविंद कुमार निवासी ग्राम कबरी, पोस्ट तरावा, थाना पन्नूगंज; रोहित कुमार पुत्र अक्षय कुमार निवासी ग्राम एवं पोस्ट करगरा, थाना चोपन; अनिल कुमार साह पुत्र चंद्रमा निवासी छपका, रॉबर्ट्सगंज तथा काजल कुमारी पुत्री चंद्रमा निवासी रॉबर्ट्सगंज, जनपद सोनभद्र शामिल हैं।

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प्रबंधन ने कहा है कि मामला वर्तमान में न्यायालय के समक्ष विचाराधीन है। इसलिए मामले से संबंधित अपुष्ट अथवा भ्रामक सूचनाओं के प्रसार से बचा जाना चाहिए। अस्पताल ने यह भी कहा कि न्यायालय में लंबित मामले को लेकर गलत तथ्यों का प्रचार-प्रसार करने पर संबंधित पक्षों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा सकती है।

यह समाचार अस्पताल प्रबंधन द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है। मामले में लगाए गए आरोपों एवं दावों की स्वतंत्र पुष्टि होना शेष है तथा प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन है।)

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