सड़क और पुलिया निर्माण की मांग को लेकर बहते नाले में उतरे ग्रामीण
सोनभद्र। चोपन थाना क्षेत्र के अंतर्गत कोटा ग्राम पंचायत के पटिहवा टोला को गुरमुरा-अबाड़ी मार्ग से जोड़ने वाली संपर्क सड़क और पुलिया के निर्माण की मांग को लेकर सोमवार दोपहर ग्रामीणों ने अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीण बहते नाले के पानी में खड़े होकर जिला प्रशासन का ध्यान अपनी समस्या की ओर आकर्षित करते नजर आए।
7:51 PM, Aug 17, 2026
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Edited By: Shaktipal , Reported By: Anil Kumar agrahari

डाला, सोनभद्र। चोपन थाना क्षेत्र के अंतर्गत कोटा ग्राम पंचायत के पटिहवा टोला को गुरमुरा-अबाड़ी मार्ग से जोड़ने वाली संपर्क सड़क और पुलिया के निर्माण की मांग को लेकर सोमवार दोपहर ग्रामीणों ने अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीण बहते नाले के पानी में खड़े होकर जिला प्रशासन का ध्यान अपनी समस्या की ओर आकर्षित करते नजर आए।ग्रामीणों का कहना है कि पटिहवा टोला को मुख्य सड़क से जोड़ने वाला संपर्क मार्ग वर्षों से निर्माण की बाट जोह रहा है। बरसात के दिनों में नाला पानी से भर जाता है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। कई वर्षों से सड़क और पुलिया अथवा छलका निर्माण की मांग को लेकर जिला प्रशासन के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को ज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है।ग्रामीणों के मुताबिक पूर्व में अधिकारियों की एक टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण भी किया था, लेकिन जांच के बाद भी वर्षों बीत गए और न तो संपर्क मार्ग का निर्माण हुआ और न ही पुलिया का।ग्रामीणों ने बताया कि बारिश के दौरान क्षेत्र का पानी इसी नाले से होकर गुजरता है। नाला भर जाने के कारण पटिहवा टोला के लोगों का आवागमन प्रभावित हो जाता है। बच्चों, बुजुर्गों और रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले ग्रामीणों को विशेष परेशानी उठानी पड़ती है।विरोध प्रदर्शन में नाबालिक, सिंह चरन, अशोक कुमार, श्यामलाल, शिवनारायण, सहदेव, बलवंत, रामदुलारे, राम सिंह, सिंगलाल, इंद्रदेव, प्रेमलाल, रामसेवक, जगप्रसाद, संत कुमार, हुबलाल, रामनिहोर, मुन्ना, जान सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि मामले का संज्ञान लेते हुए पटिहवा टोला को गुरमुरा-अबाड़ी मार्ग से जोड़ने वाली सड़क तथा आवश्यक पुलिया या छलका का जल्द निर्माण कराया जाए, ताकि बरसात के दिनों में आवागमन की समस्या का स्थायी समाधान हो सके।
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